एक्टर अभिषेक बच्चन आज अपना 50वां बर्थडे मना रहे हैं। अमिताभ बच्चन और जया बच्चन के घर जन्मे अभिषेक की पहचान सिर्फ एक सुपरस्टार के बेटे तक सीमित नहीं रही। उम्मीदों, असफलताओं, आलोचनाओं और फिर सफलता के चक्र से गुजरते हुए उन्होंने अपनी खुद की पहचान बनाई और युवा, धूम, गुरु जैसी फिल्मों में अपनी एक्टिंग से लोगों का दिल जीता। अभिषेक ने मुंबई के बॉम्बे स्कॉटिश और जमनाबाई नरसी स्कूल में पढ़ाई की। इसके बाद उन्होंने नई दिल्ली के वसंत विहार स्थित मॉडर्न स्कूल और फिर स्विट्जरलैंड के ऐग्लॉन कॉलेज में शिक्षा हासिल की। आगे की पढ़ाई के लिए वह बोस्टन यूनिवर्सिटी पहुंचे, लेकिन किस्मत को कुछ और ही मंजूर था। पिता की कंपनी अमिताभ बच्चन कॉर्पोरेशन लिमिटेड (ABCL) के दिवालिया होने पर मुश्किल वक्त में परिवार का साथ देने के लिए उन्होंने डिग्री पूरी होने से पहले ही कॉलेज छोड़ दिया और भारत लौट आए। अवॉर्ड फंक्शन में बहन की शादी की शेरवानी पहनी थी गलगाटा प्लस मेगा हिंदी राउंडटेबल 2023 में अभिषेक ने बताया था कि एक अवॉर्ड फंक्शन में मजबूरी में वह अपनी बहन की शादी में पहनी गई शेरवानी पहनकर पहुंचे थे, क्योंकि उस कठिन दौर में उनके पास नए कपड़े खरीदने तक के पैसे नहीं थे। सेट साफ किया, फर्श पोछा कॉलेज छोड़ने के बाद अभिषेक ने ABCL में काम शुरू किया। वहां वह ऑफिस के रिसेप्शन पर बैठते थे, रजिस्टर संभालते थे और आने-जाने वाले हर व्यक्ति से साइन करवाते थे। इसके बाद उन्होंने प्रोडक्शन डिपार्टमेंट में भी काम किया। वहां वह एक तरह से प्रोडक्शन बॉय बन गए। अभिषेक ने मैशेबल इंडिया को दिए इंटरव्यू में बताया था कि इस दौरान उन्होंने चाय बनाई, शूटिंग शुरू होने से पहले सेट की सफाई की, फर्श साफ किया, लाइट्स उठाईं और ट्रॉली तक धकेली। इसके बाद उन्होंने फिल्मों में एक्टिंग की ओर कदम बढ़ाया। सदी के महानायक अमिताभ बच्चन के बेटे होने के कारण अभिषेक से लोगों की उम्मीदें शुरू से ही काफी ज्यादा रही हैं। दर्शकों और फिल्म इंडस्ट्री को उनसे भी वैसी ही दमदार एक्टिंग और वैसा ही शानदार काम देखने की उम्मीद थी, जिसका प्रेशर भी करियर की शुरुआत में अभिषेक पर था। मैशेबल इंडिया को दिए इंटरव्यू में जब उनसे सवाल पूछा गया था कि जब आपके पिता एक ओवरअचीवर रहे हैं, तो क्या उनकी तरह कुछ नया और बड़ा कर दिखाने का प्रेशर आप पर भी रहता है, तो इस पर अभिषेक ने कहा था कि करियर की शुरुआत में यह प्रेशर जरूर था। उन्होंने माना था कि तब उनके मन में अक्सर यह ख्याल आता था कि लोग क्या कहेंगे और क्या सोचेंगे। एक्टर ने बताया था कि जब वह अपनी पहली फिल्म रिफ्यूजी की शूटिंग कर रहे थे और अपना पहला ही शॉट देने वाले थे, तो उस दिन शूटिंग देखने के लिए काफी लोग जमा हो गए थे। सबको यह जानने की उत्सुकता थी कि अमिताभ बच्चन का बेटा कैमरे के सामने कैसा प्रदर्शन करता है। आसपास के गांवों से लेकर पूरी स्टारकास्ट तक, सभी लोग यह देखने आए थे कि अभिषेक अपने पहले शॉट में क्या करते हैं? अभिषेक ने बताया था कि उस सीन में उन्हें मटके से पानी निकालकर जरी कैन में डालना था, लेकिन माहौल का प्रेशर इतना ज्यादा था कि वह पूरी तरह घबरा गए। घबराहट में उनसे कई मटके टूट गए और वह लगातार यही सोचते रहे कि वह कितना खराब काम कर रहे हैं। उनके मन में डर बैठ गया था कि लोग होटल लौटकर उनके पिता को फोन करेंगे और कहेंगे कि उन्हें फिल्म से हटा दिया जाए। उस वक्त उन्हें लगा था कि वह सबको निराश करेंगे, लेकिन उस समय फिल्म के डायरेक्टर जेपी दत्ता उनके लिए सहारा बनकर खड़े रहे। अभिषेक ने कहा था कि जेपी दत्ता ने पूरे सीन के दौरान उनका हाथ थामे रखा, उन्हें सहज महसूस कराया और वही शॉट निकलवाया जो वह चाहते थे। अभिषेक की पहली फिल्म रिफ्यूजी एवरेज रही, लेकिन उनकी एक्टिंग को सराहा गया था। इसके बाद उन्होंने लगातार कई फिल्में कीं, लेकिन ज्यादातर बॉक्स ऑफिस पर असफल रहीं। उनकी तेरा जादू चल गया, ढाई अक्षर प्रेम के, बस इतना सा ख्वाब है, शरारत, हां मैंने भी प्यार किया, ओम जय जगदीश, मुंबई से आया मेरा दोस्त और कुछ ना कहो जैसी फिल्में बॉक्स ऑफिस पर खास प्रदर्शन नहीं कर पाईं। महिला ने गुस्से में थप्पड़ मार दिया था एक बार अभिषेक की एक्टिंग से निराश एक महिला ने उन्हें थप्पड़ मार दिया था। साल 2018 में अभिषेक ने जागरण फिल्म समिट में इसके बारे में बताया था। दरअसल, यह घटना साल 2002 की है, जब उनकी फिल्म शरारत रिलीज हुई थी। वह फिल्म देखने के लिए मुंबई के गैटी-गैलेक्सी थिएटर पहुंचे थे। जब वह थिएटर से बाहर निकल रहे थे, तभी एक महिला उनके पास आई और बिना कुछ कहे उन्हें थप्पड़ मार दिया था। उस महिला ने गुस्से में कहा, ‘तुम अपने परिवार के नाम को बदनाम कर रहे हो, एक्टिंग छोड़ दो। घर से निकलने में भी शर्म आती थी वहीं, साल 2010 में BAFTA को दिए इंटव्यू में अभिषेक ने बताया था कि जब उनकी कई शुरुआती फिल्में नहीं चलीं, तो इससे वह काफी निराश हो गए थे। उन्होंने कहा था कि जब हर हफ्ते सार्वजनिक तौर पर आलोचना झेलनी पड़े, तो इंसान अंदर से टूटने लगता है। बार-बार यह महसूस कराया जाए कि आप काफी अच्छे नहीं हैं, तो धीरे-धीरे वही बात सच लगने लगती है। आत्मविश्वास इतना गिर जाता है कि रोजमर्रा की छोटी-छोटी चीजें भी मुश्किल लगने लगती हैं। हालात ऐसे हो जाते हैं कि घर से बाहर निकलने में भी शर्म महसूस होती है। लोगों की नजरों और बातों से डर लगने लगता है। अभिषेक ने बताया था कि भारतीय दर्शक बहुत खुलकर अपनी राय रखते हैं। वह चाहे तारीफ हो या आलोचना-सीधे दिल तक पहुंचती है। यही वजह थी कि एक वक्त ऐसा आया जब उन्होंने खुद से सवाल करना शुरू कर दिया कि क्या उन्हें सच में एक्टिंग करनी चाहिए। उन्होंने कहा था कि उस दौर में वह कुछ सीख भी नहीं पा रहे थे। फिर एक दिन उन्हें लगा कि यह तरस भी बेकार है और शायद वह वाकई नाकाबिल हैं। इसी टूटे मन के साथ वह अपने पिता अमिताभ बच्चन के पास गए और कहा, “मुझे लगता है मैंने गलती कर दी। मैंने हर तरह की फिल्म की, बड़े-बड़े निर्देशकों के साथ काम किया, लेकिन सबको असफलता ही दी।” इस पर अमिताभ बच्चन ने उनसे कहा था, “मैंने तुम्हें हार मानने के लिए नहीं पाला है। मैंने तुम्हें लड़ना सिखाया है। तुममें काबिलियत है। हर फिल्म के साथ तुम बेहतर हो रहे हो। अभी मंजिल दूर है, लेकिन काम करते रहो। कैमरे के सामने जितना हो सके उतना वक्त बिताओ।” अभिषेक के लिए यही शब्द ताकत बन गए। कुछ समय बाद जब फिल्म युवा आई, तो उस फिल्म ने उन्हें यह भरोसा दिया कि वह अभी मंजिल पर नहीं पहुंचे हैं, लेकिन सही दिशा में चल जरूर पड़े हैं। फिल्म युवा में उनके अभिनय को काफी सराहा गया और उन्हें पहला फिल्मफेयर अवॉर्ड मिला। युवा के बाद धूम, सरकार, कभी अलविदा ना कहना, बंटी और बबली, गुरु जैसी फिल्मों ने उन्हें खास पहचान दिलाई। साल 2004, 2005 और 2006 में उन्होंने लगातार तीन बार बेस्ट सपोर्टिंग एक्टर का फिल्मफेयर अवॉर्ड भी जीता। विल स्मिथ का रिकॉर्ड तोड़ा था बता दें कि अभिषेक के नाम हॉलीवुड एक्टर विल स्मिथ के नाम दर्ज गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड को तोड़ने का भी रिकॉर्ड है। दरअसल, अभिषेक के नाम 12 घंटे में सबसे ज्यादा पब्लिक अपीयरेंस करने का रिकॉर्ड दर्ज है। उन्होंने यह रिकॉर्ड विल स्मिथ को पीछे छोड़ते हुए बनाया था। स्मिथ ने साल 2004 में अपनी फिल्म आई, रोबोट के प्रमोशन के दौरान 2 घंटे में 3 पब्लिक अपीयरेंस की थीं। वहीं, अभिषेक बच्चन ने 22 फरवरी 2009 को अपनी फिल्म दिल्ली-6 के प्रमोशन के दौरान सिर्फ 12 घंटे में गाजियाबाद, नोएडा, फरीदाबाद, दिल्ली, गुरुग्राम, चंडीगढ़ और मुंबई समेत 7 शहरों में अलग-अलग प्रमोशनल इवेंट्स में हिस्सा लिया। इस दौरान उन्होंने करीब 1,800 किलोमीटर का सफर किया, जिसमें ज्यादातर यात्रा प्राइवेट जेट और कार से की गई। ओटीटी ने करियर को नई दिशा दी हाल ही के कुछ सालों में ओटीटी और डिजिटल प्लेटफॉर्मों ने अभिषेक के करियर को नई दिशा दी है। खुद अभिषेक भी मजाकिया अंदाज में खुद को ‘ओटीटी का बच्चन’ कह चुके हैं। उन्होंने डिजिटल दुनिया में कदम वेब सीरीज ब्रीद: इंटू द शैडोज से रखा था। इसमें एक पिता और ग्रे शेड वाले किरदार अविनाश सभरवाल के रूप में उनकी एक्टिंग स्किल्स को दर्शकों ने खूब पसंद किया। इसके बाद अनुराग बसु की फिल्म लूडो में अभिषेक का बिट्टू वाला किरदार दर्शकों को उनकी फिल्म युवा की याद दिला गया। इस रोल के लिए भी उनकी एक्टिंग की तारीफ हुई। वहीं फिल्म दसवीं में एक अनपढ़ नेता गंगा राम चौधरी के किरदार ने उनके ओटीटी करियर को नई ऊंचाई दी। इस फिल्म के लिए अभिषेक को फिल्मफेयर ओटीटी अवॉर्ड (बेस्ट एक्टर ) भी मिला और यह फिल्म नेटफ्लिक्स पर टॉप ट्रेंड्स में शामिल रही। इसके अलावा फिल्म बॉब बिस्वास में भी अभिषेक की एक्टिंग को दर्शकों से अच्छा रिस्पॉन्स मिला। हालिया प्रोजेक्ट्स की बात करें तो फिल्म बी हैप्पी (2025) में उनकी परफॉर्मेंस की जमकर तारीफ हुई। यह फिल्म अमेजन प्राइम वीडियो पर रिलीज के बाद नंबर वन पर ट्रेंड कर चुकी है। जीनत से शादी की बात कही थी सिमी गरेवाल के शो में जब सिमी ने अभिषेक से पूछा था कि उन्हें पहली बार प्यार कब हुआ था, तो अभिषेक ने बताया था कि वह उस समय 6 साल के थे। एक्टर ने यह भी कहा था कि वह एक्ट्रेस जीनत अमान की फिल्मों के दीवाने थे। उन्होंने बताया कि जीनत अमान और उनके पिता की साथ में की गई कई फिल्में उन्होंने देखी थीं और तभी से वह उन्हें बेहद पसंद करने लगे थे। अभिषेक ने यह भी बताया था कि बचपन में उन्होंने जीनत अमान से एक बार शादी करने तक की बात कह दी थी, लेकिन वह इतने छोटे थे कि जीनत ने उन्हें बस एक शरारती बच्चे की तरह नजरअंदाज कर दिया। इस पर सिमी ने एक दिलचस्प बात शेयर की थी। उन्होंने बताया था कि उन्होंने जीनत अमान से एक रात पहले ही बात की थी। एक्ट्रेस ने कहा कि अभिषेक बहुत शांत और शर्मीले बच्चे थे, लेकिन उनकी आंखें बेहद बड़ी और भावनाओं से भरी हुई थीं। जीनत ने यह भी कहा था कि जब भी वह आसपास होती थीं, अभिषेक अक्सर अपनी मां जया बच्चन के पीछे छिप जाया करते थे और वहीं से उन्हें चुपचाप देखा करते थे। अभिषेक ने मुस्कुराते हुए माना था कि वह सच में बहुत शर्मीले थे। उन्होंने कहा कि जब लोग उनका मजाक उड़ाते थे, तो उनकी मां कहती थीं कि वह जीनत अमान को बहुत मानते हैं, इसलिए शर्माते हैं। अभिषेक और ऐश्वर्या की लव स्टोरी अभिषेक और ऐश्वर्या की लव स्टोरी की बात करें तो दोनों की पहली मुलाकात साल 2000 में फिल्म ‘ढाई अक्षर प्रेम के’ के सेट पर हुई थी। इसके बाद दोनों ने कुछ ना कहो, उमराव जान और धूम 2 जैसी फिल्मों में साथ काम किया। वहीं, अभिषेक ने फिल्म गुरु के प्रीमियर के दौरान ऐश्वर्या को शादी के लिए प्रपोज किया था। जनवरी 2007 में न्यूयॉर्क की एक बेहद ठंडी बालकनी में उन्होंने ऐश्वर्या से शादी के लिए पूछा। खास बात यह थी कि जिस अंगूठी से उन्होंने प्रपोज किया था, वह कोई महंगी हीरे की अंगूठी नहीं थी। दरअसल, वह अंगूठी फिल्म गुरु के सेट की एक प्रॉप रिंग थी। प्रॉप रिंग का मतलब होता है शूटिंग में इस्तेमाल की जाने वाली नकली अंगूठी। यह वही अंगूठी थी, जिसका इस्तेमाल उन्होंने फिल्म गुरु में भी किया था। ऐश्वर्या के प्यार में पूरी तरह डूबे अभिषेक ने टोरंटो में गुरु के प्रीमियर से लौटने के बाद अचानक ही उन्हें शादी के लिए प्रपोज किया और ऐश्वर्या ने बिना देर किए हां कह दी। इसके बाद 20 अप्रैल 2007 को अभिषेक और ऐश्वर्या पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ शादी के बंधन में बंधे। अभिषेक बच्चन के अपकमिंग प्रोजेक्ट्स साल 2026 की बात करें तो इस साल अभिषेक रितेश देशमुख द्वारा निर्देशित ऐतिहासिक ड्रामा फिल्म राजा शिवाजी में एक महत्वपूर्ण भूमिका में नजर आएंगे। यह फिल्म 1 मई 2026 (महाराष्ट्र दिवस) को रिलीज होगी। इसके अलावा फिल्म किंग में विलेन के तौर पर नजर आएंगे, जिसमें शाहरुख खान लीड रोल में हैं। यह फिल्म साल की सबसे बड़ी फिल्मों में से एक मानी जा रही है। इसमें शाहरुख खान की बेटी सुहाना खान भी पहली बार उनके साथ काम करती नजर आएंगी। यह फिल्म 24 दिसंबर 2026 को क्रिसमस के मौके पर रिलीज होगी। ________________________ बॉलीवुड से जुड़ी ये खबरें भी पढ़ें.... प्रीति जिंटा@51; अखबार से मिली पिता की मौत की खबर: अंडरवर्ल्ड डॉन के खिलाफ गवाही देने वाली इकलौती सेलिब्रिटी, मुफ्त के ₹600 करोड़ ठुकराए फिल्म 'दिल से' से करियर की शुरुआत करने वाली प्रीति ने दिल चाहता है, कल हो ना हो, कोई… मिल गया, वीर-जारा और कभी अलविदा ना कहना जैसी कई फिल्मों में काम किया। प्रीति का जन्म एक राजपूत परिवार में हुआ। उनके पिता दुर्गानंद जिंटा भारतीय सेना में अधिकारी थे। पूरी खबर पढ़ें....
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